नगरपालिका क्षेत्र कालाढूंगी में सफाई कर्मियों की हड़ताल के चलते हालात बिगड़ गए हैं। मुख्य बाजार समेत कई इलाकों में कूड़े के ढेर लग गए हैं, जिससे बरसात के मौसम में दुर्गंध फैल रही है और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।बताया जा रहा है कि वाल्मीकि समाज और सफाई कर्मी मंदिर व उसके परिसर को उनके नाम किए जाने की मांग को लेकर हड़ताल पर हैं। उनका आरोप है कि नगरपालिका द्वारा सौंदर्यीकरण के नाम पर मंदिर परिसर को पार्किंग स्थल में बदलने की कोशिश की जा रही है, जिसका वे विरोध कर रहे हैं।
इसी मुद्दे को लेकर गुरुवार को वाल्मीकि समाज के लोगों ने नगरपालिका कार्यालय के मुख्य द्वार पर धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान अधिशासी अधिकारी अभिनव कुमार और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली। बातचीत के बावजूद कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया, जिसके बाद हड़ताल जारी रखने का निर्णय लिया गया। शुक्रवार को भी हड़ताल जारी रही, जिससे नवरात्र और रमजान के चलते लगने वाले साप्ताहिक बाजार पर भी असर पड़ा और आम लोगों को अतिरिक्त दिक्कतों का सामना करना पड़ा। बाद में नगरपालिका सभागार में अधिकारियों और समाज के प्रतिनिधियों के बीच वार्ता हुई, लेकिन सहमति नहीं बन सकी। मंदिर समिति के अध्यक्ष सचिन वाल्मीकि और अन्य लोगों का कहना है कि जब तक जमीन का स्वामित्व उन्हें नहीं सौंपा जाता, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। वहीं, अधिशासी अधिकारी अभिनव कुमार ने आश्वासन दिया है कि सभी मांगों पर विचार किया जा रहा है और जल्द ही समाधान निकालने की कोशिश की जाएगी।

